Sale!

..और देश बट गया Aur Desh Bat Gaya

जागरूक, अध्ययनशील और विचारवान् राष्ट्रसेवी व लेखक श्री हो. वे. शेषाद्रि ने इस पुस्तक में देश की इस त्रासदी का गहन अध्ययन व आकलन के आधार पर तथ्यपरक एवं यथार्थ विवेचन प्रस्तुत किया है।

Original price was: ₹640.00.Current price is: ₹620.00.

1 in stock

Compare
SKU: SuiPu_021 Categories: , , Tag:

Description

About the book :

अंग्रेजों द्वारा भारत में सत्ता-हस्तान्तरण, देश-विभाजन और स्वाधीनता-संघर्ष तथा 1947 से पूर्व की मुस्लिम समस्या पर यद्यपि बहुत कुछ लिखा गया है, फिर भी विभाजन की दुर्भाग्यपूर्ण घटना और उससे सम्बन्धित अनेक प्रश्नों का समाधान अभी तक नहीं हो पाया है। देश-विभाजन की उस विकराल विभीषिका में लाखों लोगों ने अपने प्राण गवाएँ, सगे-सम्बन्धी, परिवार-जन खोये। जान-माल के इस भीषण संहार, विनाशलीला, दुव्र्यवहार और करोड़ों लोगों को उनकी जन्म-भूमि से विस्थापित करने का मानव इतिहास में दूसरा दृष्टान्त नहीं मिलता।

जागरूक, अध्ययनशील और विचारवान् राष्ट्रसेवी व लेखक श्री हो. वे. शेषाद्रि ने इस पुस्तक में देश की इस त्रासदी का गहन अध्ययन व आकलन के आधार पर तथ्यपरक एवं यथार्थ विवेचन प्रस्तुत किया है।

Pages : 396 ; Hardcover; Suruchi Prakashan

 

 

Author

H. V. Seshadri

Reviews

There are no reviews yet.

Only logged in customers who have purchased this product may leave a review.

Select at least 2 products
to compare